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Sunday, April 13, 2008

वो

दुनिया मैं हैं अनेक सुंदर चेहरे,

ये बात है मुझे अच्छी तरह पता।

ऐसा नही कि वो सबसे अलग,

ये चीज़ भी अच्छी तरह मैं जानता ।

लेकिन दिल्ली की किसी सड़क पर,

जब एक हवा का झोंका,

उसके बालों को बिखरा देता है,

उसके साथ बैठे हुए-

जाने क्यों,

मन में एक टीस उभर आती है ।

जाने क्यों,

साँस एक पल ही सही,थम सी जाती है

मैं आँखें कहीं और मोड़ लेता हूँ,

जाने क्या सोचने लगता हूँ ......